पुस्तकालय दिवस पर कुसमी विकासखंड के विद्यालयों में विविध कार्यक्रम आयोजित,

बीरबलभूमि समाचार सीधी। विश्व पुस्तक दिवस के अवसर पर कुसमी विकासखंड के विभिन्न विद्यालयों में पुस्तकालय दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों को पुस्तकालय के महत्व, अध्ययन की आदत एवं ज्ञानार्जन के प्रति प्रेरित करने हेतु विविध गतिविधियों का आयोजन किया गया। कार्यक्रमों में वक्ताओं ने पुस्तकालय को ज्ञान का भंडार बताते हुए कहा कि यह शिक्षा, शोध एवं मानसिक विकास के लिए एक शांत एवं अनुकूल वातावरण प्रदान करता है। यहां विभिन्न विषयों की पुस्तकें, पत्रिकाएं एवं समाचार पत्र उपलब्ध रहते हैं, जिससे विद्यार्थियों में पढ़ने की रुचि विकसित होती है और एकाग्रता के साथ अध्ययन करने का अवसर मिलता है। इस अवसर पर श्री अंगिरा प्रसाद द्विवेदी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पुस्तकें केवल पन्नों का संग्रह नहीं, बल्कि अनुभव और कल्पना की एक विस्तृत दुनिया हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित पठन की आदत विकसित करने तथा पुस्तकों के ज्ञान को अपने जीवन में आत्मसात करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को यह संदेश भी दिया गया कि “ज्ञान ही जीवन का आधार है, ज्ञान है तभी संसार है” तथा “किताबें हमारी सच्ची साथी हैं, जो हमें बिना कहीं जाए नई दुनिया की सैर कराती हैं।” साथ ही सभी ने संकल्प लिया कि वे नियमित रूप से पुस्तकें पढ़ेंगे और ज्ञान को अपने जीवन में उतारेंगे। इस अवसर पर सांदीपनि विद्यालय कुसमी, पीएम श्री टमसार, हायर सेकेंड्री भदौरा, हायर सेकेंड्री पोड़ी बस्तुआ सहित विकासखंड के अन्य विद्यालयों में भी विभिन्न गतिविधियों एवं कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
