सीधी में 16 साल की लड़की का अपहरण: गुजरात में होने की आशंका, वापस लाने के नाम पर 50 हजार मांगने का आरोप,
परिजनों का आरोप – पुलिसकर्मी ने मांगे पैसे, पुलिस ने बताया आरोप निराधार, जांच जारी,
बीरबलभूमि समाचार सीधी। जिले के सेमरिया थाना क्षेत्र से एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की के अपहरण की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। जानकारी के अनुसार, ग्राम बडउरा की रहने वाली नाबालिग बालिका के अचानक लापता होने के बाद परिवार ने काफी खोजबीन की, लेकिन जब कोई सुराग नहीं मिला तो 16 अप्रैल को परिजन शिकायत लेकर सेमरिया थाने पहुंचे। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज करने के बजाय केवल गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज की, जिससे परिवार की चिंता और बढ़ गई।
गुजरात में होने की सूचना:
19 अप्रैल को परिवार को सूचना मिली कि उनकी बेटी गुजरात के किसी शहर में देखी गई है। इस जानकारी के बाद परिजनों ने पुलिस से बच्ची को वापस लाने की गुहार लगाई।
पैसे मांगने का गंभीर आरोप:
पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि मामले की जांच कर रहे एएसआई भूपेंद्र बागड़ी ने बच्ची को वापस लाने के लिए ₹50,000 की मांग की।
परिजनों के अनुसार, उनसे कहा गया कि वाहन और अन्य खर्चों के बिना बच्ची को लाना संभव नहीं होगा। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के लिए इतनी बड़ी रकम जुटाना बेहद कठिन साबित हो रहा है।
पुलिस का पक्ष:
इस पूरे मामले पर सेमरिया थाना प्रभारी केदार परोहा ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि:
👉 ऐसी कोई घटना नहीं हुई है
👉 पुलिस पूरी गंभीरता से बच्ची की तलाश कर रही है
वहीं, एएसआई भूपेंद्र बागड़ी ने भी पैसे मांगने के आरोपों को निराधार बताया है और कहा कि वे नियमानुसार कार्यवाही कर रहे हैं।
परिवार की गुहार:
पीड़ित परिवार लगातार प्रशासन से न्याय की मांग कर रहा है और जल्द से जल्द बच्ची को सुरक्षित वापस लाने की अपील कर रहा है। यह मामला न सिर्फ कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है, बल्कि पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर भी गंभीर चिंताएं पैदा करता है। अब देखना यह होगा कि जांच में सच्चाई क्या सामने आती है और बच्ची कब तक सुरक्षित वापस लौटती है।
